रामलीला में सुपर्णखा प्रसंग व सीता हरण का मंचन, दर्शकों में दिखा उत्साह
प्रधान संपादक रूपचंद मेवाड़ा सुमेरपुर

सुमेरपुर। नगर में चल रही रामलीला के छठवें दिन काशी के कलाकारों द्वारा सुपर्णखा प्रसंग एवं सीता हरण का जीवंत मंचन किया गया। रामलीला में सबसे पहले सुपर्णखा द्वारा भगवान राम के समक्ष विवाह प्रस्ताव रखने तथा प्रस्ताव अस्वीकार होने पर लक्ष्मण द्वारा उसके नाक-कान काटने का दृश्य प्रस्तुत किया गया। इसके बाद माता सीता हरण तक की रामलीला का मंचन हुआ, जिसे देखने बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। रामलीला के दौरान कलाकारों ने विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से समाज को संस्कार एवं पारिवारिक मूल्यों का संदेश भी दिया। मंचन के दौरान दर्शकों में विशेष उत्साह देखने को मिला। रामलीला संचालक पंडित अशोक उपाध्याय ने बताया कि रामलीला का उद्देश्य केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि संस्कृति एवं संस्कारों का संगम प्रस्तुत करना है। उन्होंने कहा कि यह आयोजन नगरवासियों के सहयोग से हो रहा है तथा सभी के सहयोग से इसे सफल बनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सातवंे दिन श्रीराम-हनुमान मिलन, श्रीराम-सुग्रीव मित्रता एवं बाली वध तक की रामलीला का मंचन किया जाएगा। वहीं अगले दिन सीता खोज एवं लंका दहन का विशेष मंचन आकर्षण का केंद्र रहेगा।




